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Kya Hai Bio Bubble ? :बायो बबल और आई. पी. एल (Bio bubble and IPL) – Hindlogy

 

बायो बबल और आई. पी. एल
Bio bubble and I.P.L



BIO BUBBLE

बायो बबल और आई. पी. एल
Bio bubble and IPL

Bio Bubble, IPL, BCCI

हमेशा से ही आईपीएल चर्चा का विषय बना रहा है,
आईपीएल का हर सीजन अपनी शुरुवात से अंत तक पूरे विश्व में क्रिकेट प्रेमियों के लिए त्यौहार जैसा ही होता है।

इस बार इंडियन प्रीमियर लीग ( India Premier League )  का 14 वां सीजीन शुरू होने वाला हैं,
जो 9 अप्रैल से 30 मई तक चलेगा।
परन्तु , इस बार आईपीएल बायो बबल ( Bio bubble ) के कारण शुरू होने से पहले ही हर जगह चर्चा का विषय बना हुआ है।
इसी बायो बबल के कारण खिलाड़ियों में भी आईपीएल को लेकर जोश की कमी देखने को मिल रही है,

बायो बबल ( Bio bubble ) अधिकतर खिलाड़ियों के लिए परेशानी का कारण बन गया है ,
आईपीएल से जुड़े कुछ क्रिकेटर सवाल उठा रहे हैं तथा कुछ क्रिकेटर आईपीएल से अपना नाम वापस ले रहे हैं।

इसी क्रम में ऑस्ट्रेलिया के तेज़ गेंदबाज “जोश हेजलवुड” ने भी आईपीएल,
पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि “वह बायो बबल में समय बिताने से बेहतर अपने घर में रहना पसंद करेंगे”
जोश हेजलवुड चेन्नई सुपर किंग्स की तरफ से आईपीएल में भाग ले रहे थे,
परंतु अब इन्होंने अपना नाम आईपीएल से वापस ले लिया है।

भारतीय क्रिकेट कप्तान विराट कोहली ने भी बायो बबल पर सवाल खड़े किए,
तथा आईपीएल से पहले बायो बबल से बाहर निकलकर मुम्बई में स्थित अपने घर से फोटो शेयर की।

तो आइए जानते है के आखिर ये बायो बबल है क्या ?,
और क्यों खिलाड़ी इसके कारण आईपीएल से मुँह मोड़ रहे है।

बायो बबल पिछले साल भी आईपीएल में चर्चा में रहा था जब आईपीएल भारत से बाहर खेला गया था।


बायो बबल क्या है : Kya Hai Bio Bubble ?
What is bio bubble ?

बायो बबल ( Bio bubble ) को इको बबल  ( Eco – Bubble ) भी जाता है, यह तरीके का सुरक्षित (सिक्योर) वातावरण होता है,
सभी खिलाड़ीयों, ऑफिशियल टीम, सपोर्ट स्टाफ तथा खेल से जुड़े अन्य सभी लोगों को इसी वातावरण में रहना पड़ता है।

इसमे एक ऐसी दुनिया बना दी जाती है, जिसमे आप बाहरी दुनिया से काट जाते है,
सुनने में ये आपको Quarantine जैसा लग रहा होगा,
परन्तु बताते चले कि इसमे Quarantine से भी अधिक सख्ती बरती जाती है।

इसमे इतनी अधिक सख्ती बरती जाती हैं,
कि कोरोना की जांच करने वाली मेडिकल टीम भी इस बायो बबल के वातावरण से बाहर नहीं जा सकती।

इस बायो बबल ( Bio bubble ) के घेरे में वो लोग ही आते है जिनकी Covid Test Report Negative हो और वो संक्रमण से दूर हो,

जैसा पिछले साल आईपीएल में भी देखने को मिला था ,
जब खिलाड़ियों, कोच, सपोर्ट स्टाफ तथा बाकी सभी स्टाफ का आईपीएल में भाग लेने से पहले दो बार covid टेस्ट किया गया report negative आने के बाद भी उन्हें 7 दिन Quarantine किया गया, इसके बाद उन्हें बबल में शामिल किया गया।


Bio bubble rules

                                                                                            Bio bubble rules

क्या कहता है ? बायो बबल का नियम

बायो बबल का वातावरण खेल के मैदान से लेकर होटल तक बनाया जाता है,
और सभी इसी वातावरण में रहते है,
इस बबल रहते हुए केवल उन्हीं से मिला जा सकता है जो इस बबल में रहते हुए Covid से दूर है।

इनके अवाला किसी से भी नही मिला जा सकता ना ही परिवार से और ना ही अपने किसी Friend या Fan से ।

खिलाड़ियों के लिए अलग से बबल बनाया जाता है तथा प्रसारण करने वाले कॉमेंटेटर के लिए अलग से एक बबल बनाया जाता है,
यानी खिलाड़ी आपस में मिल सकते हैं और कॉमेंटेटर आपस में मिल सकते हैं,
और सबसे मुख्य बात यह है कि आप इस बबल से तब तक बाहर नहीं निकल सकते जब तक टूर्नामेंट खत्म ना हो जाए।

परंतु यदि कोई विकट स्थिति उत्पन्न होती है तब इस बबल से बाहर जाने वाले खिलाड़ी या किसी अन्य व्यक्ति को वापस बबल में आने से पहले अपना Covid Test करवाना होता है तथा खुद को क्वॉरेंटाइन करना होता है,
जिसके बाद ही वह में वापस बबल में आ सकते है।
आसान भाषा में कहे,
तो बबल से बाहर जाने वाले व्यक्ति को फिर से पहले जैसी प्रोसेस को दोहराना होता है।

बीसीसीआई के अनुसार, जो भी बायो बबल को तोड़ेगा उसे कोड ऑफ कंडक्ट का दोषी माना जाएगा तथा,दंड स्वरूप उस पर कुछ मैचों का प्रतिबंध भी लगाया जाएगा।


virat kohali,josh hazlewood

                                                                                    virat kohali,josh hazlewood

बायो बबल का प्रभाव 

खिलाड़ियों का कहना है, कि कोरोना से बचने के लिए बीसीसीआई के नियम काफी कठोर और कड़े हैं,
और हर व्यक्ति की मानसिक स्थिति हर समय एक से नहीं होती इसीलिए बीसीसीआई को अपने नियमों में ढिलाई करनी चाहिए”।

बायो बबल के चलते, अब खिलाड़ी ना तो अपने परिवार को अपने साथ आसानी से ले जा सकते हैं,
और ना ही होटल आदि में अपने किसी fan या दोस्त से मिल सकते हैं।

अंततः देखा जाए तो बायो बबल एक ऐसा सुरक्षा कवच है,
जो खिलाड़ी कोच तथा मैच से जुड़े अन्य व्यक्तियों को कोरोना से तो बचाता है,
परंतु इसके अपने कुछ नकारात्मक पहलू भी हैं,
जहां खिलाड़ी आईपीएल के मैचों से ज्यादा अपने परिवार को महत्वता दे रहे हैं, और आईपीएल से अपना नाम वापस ले रहे है।

 

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